Sakshatkar.com : Sakshatkartv.com

.

Item Post Navigation Display

Home Recent Posts Display

Related Posts Display

रविवार, 15 जून 2014

जब कम्प्यूटर से होगा इश्क

0

love-with-computer

लिजी डियरडेन

2029 में आपका बॉयफ्रेंड या गर्लफ्रेंड न हो तो आप अपने ही कम्प्यूटर से इश्क लड़ा सकेंगे। आज से 15 साल बाद, कम्प्यूटर से फ्लर्ट करना यहां तक कि इश्क हो जाना भी संभव होगा। यह दावा है एक फ्यूचरिस्ट का। 'Her' नाम की एक अंग्रेजी फिल्म में एक आदमी एक इंटेलिजेंट कम्प्यूटर ऑपरेटिंग सिस्टम के साथ रिश्ते कायम करता है। गूगल के इंजिनियरिंग डायरेक्टर रे कुर्जवील का कहना है कि आने वाले कुछ सालों में ऐसी असली कहानियां भी बनेंगी। 

एनबीसी न्यूज की खबर के मुताबिक, पिछले हफ्ते न्यू यॉर्क की एक्सपोनेंशल फाइनैंस कॉन्फ्रेंस में बोलते हुए उन्होंने दावा किया कि कुछ साल बाद इंसान टेक्नॉलजी से भावनात्मक संबंध बनाने में भी कामयाब हो सकेगा। उन्होंने कहा, 'मुझे जहां तक लगता है कम्प्यूटर्स ह्यूमन लेवल तक आ जाएंगे। 2029 तक तो वे इतने करीब होंगे कि हम उनके साथ रिश्ते भी बना सकेंगे।' 

'Her' की तारीफ करते हुए कुर्जवील ने दावा किया कि यह आने वाले कल की सटीक तस्वीर है। उन्होंने कहा, 'ह्यूमन लेवल से मेरा मतलब इमोशनल इंटेलिजेंस से है। मसलन, जोक सुनाना, मजेदार बातें करना, रोमांटिक होना, प्यार औऱ केयर करना, सेक्सी होना, ये सब ह्यूमन इंटेलिजेंस की निशानियां हैं। यह सब होगा।' 

कुर्जवील ने इससे पहले भी चेतावनी दी थी कि 2029 में कम्प्यूटर इन्सान से भी आगे निकल जाएंगे। टेक्नॉलजी कितनी तेजी से आगे बढ़ रही है, इसे साबित करने के लिए उन्होंने वॉइस रेकग्निशन सॉफ्टवेयर और गूगल की सेल्फ-ड्राइविंग कारों का उदाहरण दिया था। 

एक्सपोनेंशल फाइनैंस कॉन्फ्रेंस में उन्होंने एक और संभावना जताई। उनके मुताबिक 'प्रोग्रामिंग' जीन आने वाले वक्त में कैंसर, दूसरी बीमारियों और उम्र बढ़ने की प्रक्रिया को रोक सकेंगे। कपड़ों पर पर्सनलाइज्ड 3डी प्रिंटिंग की भी भविष्यवाणी उन्होंने की। 

66 वर्षीय कुर्जवील ने 1990 में भविष्यवाणी की थी कि 1998 तक एक कम्प्यूटर चेस गेम में इंसान को हराने के काबिल हो जाएगा। 1997 में आईबीएम के डीप ब्लू ने गैरी कैस्परोव को हराकर इसे साबित कर दिखाया। 

हालांकि, हाल ही में ट्यूरिंग टेस्ट पास करने वाले रूसी प्रोग्राम यूजीन गूस्टमन के बारे में उनका मानना है कि वह काफी 'सीमित' क्षमताओं वाला प्रोग्राम है।sabhar :http://navbharattimes.indiatimes.com/

0 टिप्पणियाँ:

एक टिप्पणी भेजें

Ads

 
Design by Sakshatkar.com | Sakshatkartv.com Bollywoodkhabar.com - Adtimes.co.uk | Varta.tv