वर्ष 1930 में एक संपन्न और भले परिवार में शांति देवी का जन्म हुआ था। लेकिन जब वे महज 4 साल की थीं तभी उन्होंने अपने माता-पिता को पहचानने से इनकार कर दिया और यह कहने लगीं कि ये उनके असली अभिभावक नहीं हैं। उनका कहना था कि उनका नाम लुग्दी देवी है और बच्चे को जन्म देते समय उनकी मौत हो गई थी। इतना ही नहीं वह अपने पति और परिवार से संबंधित कई और जानकारियां भी देने लगीं।जब उन्हें, उनके कहे हुए स्थान पर ले जाया गया तो उनकी कही गई हर बात सच निकलने लगी। उन्होंने अपने पति को पहचान लिया और अपने पुत्र को देखकर उसे प्यार करने लगीं। कई समाचार पत्रों, पत्रिकाओं में भी शांति देवी की कहानी प्रकाशित हुई। यहां तक कि महात्मा गांधी भी शांति देवी से मिले।
शांति देवी को ना सिर्फ अपना पूर्वजन्म याद था बल्कि उन्हें यह भी याद था कि मृत्यु के बाद और जन्म से पहले भगवान कृष्ण के साथ बिताया गया उनका समय कैसा था। उनका कहना था कि वह कृष्ण से मिली थीं और कृष्ण चाहते थे कि वह अपने पूर्वजन्म की घटना सबको बताएं इसलिए शांति देवी को हर घटना याद है। बहुत से लोगों ने प्रयास किया लेकिन कोई भी शांति देवी को झूठा साबित नहीं कर पाया।
sabhar :http://www.speakingtree.in/
मंगलवार, 2 फ़रवरी 2021
पूर्वजन्म की घटना
0Ads
-
पुरुषों में कमजोरी की समस्या आजकल आम है। नपुंसकता, स्वप्नदोष, धातु दोष आदि ऐसी समस्याएं हैं जो वैवाहिक जीवन को बहुत अधिक प्रभावित करती हैं। ...
-
जयपुर। हिंदुस्तान का थार रेगिस्तान सिर्फ अपने उजड़ेपन और सूनेपन के लिए ही पूरी दुनिया में नहीं जाना जाता है, बल्कि यहां की रेतों में कई...
-
भोपाल। भारत यूं तो विविधताओं का देश है, लेकिन इस धरा पर भी कई ऐसी जगह हैं, जो आश्चर्यचकित करने के साथ-साथ डराती भी हैं। इन जगहों में छिप...
-
अहमदाबाद। शहर के पॉश इलाके में रहने वाली और साइंस (कक्षा 12वीं) की एक छात्रा का एक अजीबो-गरीब मामला सामने आया है। छात्रा को अपने घर पर पले ...
-
अहमदाबाद। शहर में एक चौंकाने वाला मामला सामने आया है। यहां रहने वाले एक धनाढ्य परिवार का युवक मुंंह के कैंसर की बीमारी से पीड़ित हो गया ह...
-
मृत्यु एक ऐसा सच है जिसे कोई भी झुठला नहीं सकता। हिंदू धर्म में मृत्यु के बाद स्वर्ग-नरक की मान्यता है। पुराणों के अनुसार जो मनुष्य अच्छ...
-
साइंस आज हमें बहुत सी बातों को समझने और समस्याओं को सुलझाने में मदद करता है। लेकिन आज भी कई ऐसी बातें हैं, जिनके बारे में इसके पास कोई जव...
0 टिप्पणियाँ:
एक टिप्पणी भेजें